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जयपुर में एचएसएसएफ द्वारा तृतीय वन्देमातरम् कार्यक्रम का आयोजन

जयपुर (विसंकें). राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अखिल भारतीय सह सेवा प्रमुख गुणवंत सिंह कोठारी जी ने कहा कि भारत के लोग देश की सीमा से बाहर जाकर भी सम्पूर्ण वसुधा को मां के रूप में देखते हैं, यहां निर्मल और शाश्वत प्रेम है. वे हिन्दू आध्यात्मिक एवं सेवा फाउण्डेशन और राजस्थान युवा बोर्ड के संयुक्त तत्वाधान में जयपुर के सवाई मान सिंह स्टेडियम में तीसरे वन्देमातरम् कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में संबोधित कर रहे थे.

उन्होंने कहा कि 287 वर्ष पूर्व जिस प्रकार अमृता देवी ने खेजड़ी के वृक्ष को बचाने के लिए 363 ग्रामीणों और अपने परिवार के साथ स्वयं का बलिदान दिया. जिस प्रकार राजा शिवि ने एक पक्षी की रक्षा के लिए अपना बलिदान दिया. भारत की धरती पर ऐसे अनेक उदाहरण देखने और सुनने को मिलते हैं, जिन्होंने मानव ही नहीं अपितु पशु-पक्षियों के लिए भी बलिदान दिया. हिन्दू आध्यात्मिक एवं सेवा फाउण्डेशन इसी प्रकार छह थीम के साथ समाज के मध्य कार्य कर रहा है. उन्होंने कार्यक्रम में उपस्थित युवाओं से आह्वान किया कि जयपुर को स्वच्छ बनाकर देश में उदाहरण प्रस्तुत करें.

कार्यक्रम में प्रसिद्ध जोड़ी कल्याण जी – आनन्द जी के आनन्द जी की टीम ने मनमोहक देशभक्ति गीतों की प्रस्तुति दी. कार्यक्रम में केन्द्रीय मंत्री सुरेश प्रभु जी, राष्ट्रीय स्वयंसेवक सघ के राजस्थान क्षेत्र प्रचारक दुर्गादास जी, प्रान्त प्रचारक निम्बाराम जी सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति कार्यक्रम में उपस्थित थे. भव्य आयोजन में शहर के विभिन्न विद्यालयों, महाविद्यालयों, विश्वविद्यालयों के हजारों विद्यार्थियों के साथ सामाजिक संगठनों के कार्यकर्ता, स्वयंसेवी संस्थान, स्काउट-गाइड, एन.एस.एस, एन.सी.सी. के स्वयंसेवी उपस्थित रहे.

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