पाटलिपुत्र सिने सोसायटी का वार्षिकोत्सव संपन्न Reviewed by Momizat on . पटना. आमजन में फिल्म की समझ विकसित करने के लिये गठित पाटलिपुत्र सिने सोसायटी का चौथा वार्षिकोत्सव 23 अगस्त को यहां संपन्न हुआ. कार्यक्रम में बिहार के पूर्व गृह पटना. आमजन में फिल्म की समझ विकसित करने के लिये गठित पाटलिपुत्र सिने सोसायटी का चौथा वार्षिकोत्सव 23 अगस्त को यहां संपन्न हुआ. कार्यक्रम में बिहार के पूर्व गृह Rating: 0
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पाटलिपुत्र सिने सोसायटी का वार्षिकोत्सव संपन्न

Vimochan- Understanding the art of cinemaपटना. आमजन में फिल्म की समझ विकसित करने के लिये गठित पाटलिपुत्र सिने सोसायटी का चौथा वार्षिकोत्सव 23 अगस्त को यहां संपन्न हुआ. कार्यक्रम में बिहार के पूर्व गृह सचिव तथा सिनेमा के विश्वकोश के रूप में चर्चित आर. एन. दास की लिखित पुस्तक ‘अंडरस्टैंडिंग दि आर्ट ऑफ सिनेमा’ का विमोचन भी किया गया. कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए आकाशवाणी पटना के सहायक निदेशक ऋिषिकेश सुलभ ने कहा कि दास साहब की कलाओं की दुनिया में लगातार आवाजाही रही है. उनकी पुस्तक विभिन्न कलाओं को समाहित करती है. दास जी की पुस्तकों से सिनेमा को देखने का एक नया नजरिया मिलेगा.

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सिने सोसायटी पटना के अध्यक्ष तथा पाटलिपुत्र सिने सोसायटी के मार्गदशर्क प्रो. जयमंगल देव ने कहा कि सिनेमा के बारे में प्रामाणिक जानकारी का अभाव है. यहां के विश्लेषक या तो जजमानी हैं या अनुमानी अथवा फिल्मों के बारे में वे मनमाना विश्लेषण करते हैं. सिनेमा के कलात्मक ढंग से विश्लेषण की जरूरत है जो अभी नहीं किया जा रहा है. दास साहब की किताब से वह समझ विकसित होगी, जिससे लोग फिल्मों को कलात्मक ढंग से विश्लेषित करेंगे. सिनेमा एक कला नहीं बल्कि कई कलाओं का संगम है. इस पुस्तक में हर आयाम को स्पर्श किया गया है.

प्रख्यात फिल्म समीक्षक प्रो. नरेन्द्रनाथ पाण्डेय ने पुस्तक को सिनेमा का एक नायाब ज्ञानकोश बताया और उसकी तमाम विशेषताओं को रेखांकित किया. पाटलिपुत्र सिने सोसायटी के बारे में सविस्तार जानकारी विश्व संवाद केंद्र के संपादक संजीव कुमार ने दी. कार्यक्रम की अध्यक्षता अशोक सिनेमा हॉल के निदेशक तथा विश्व संवाद केंद्र पटना के अध्यक्ष श्रीप्रकाश नारायण सिंह उपाख्य छोटे बाबू ने की. इस अवसर पर उत्तर-क्षेत्र प्रचार प्रमुख नरेन्द्र ठाकुर जी भी उपस्थित थे.

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