You Are Here: Home » Posts tagged "स्वामी विवेकानंद"

धर्म संसद में पारित प्रस्ताव – हिन्दू समाज के विघटन के षड्यंत्र

धर्मसंसद दिनांक 31 जनवरी, 2019 सेक्टर-14, ओल्ड जी. टी. रोड, कुम्भ मेला क्षेत्र, प्रयागराज प्रस्ताव (2) - हिन्दू समाज के विघटन के षड्यंत्र हिन्दू समाज की एकता को तोड़ने के लिए इस्लामिक, चर्च तथा साम्यवादी संगठन हमेशा से कुचक्र रचते रहे हैं. अब कुछ राजनैतिक दल व अन्य संगठन भी अपने निहित स्वार्थों के कारण लोक लुभावने नारे देकर व हिंसा का सहारा लेकर इन षड्यंत्रों को तेजी से बढ़ा रहे हैं.  इनकी कार्य पद्धति देखकर ...

Read more

भारत में स्वाधीनता की चेतना के नायक हैं महाराणा प्रताप – डॉ. बालमुकुन्‍द

गोरखपुर (विसंकें). मध्यकालीन भारत में महाराणा प्रताप स्वाधीन चेतना के वैसे ही नायक हैं जैसे बीसवीं शताब्दी में भगत सिंह, आजाद, बिस्मिल जैसे क्रान्तिकारी थे. महाराणा प्रताप हमारे वास्तविक नायक हैं, जिनका जीवन शौर्य, संप्रभुता, स्वतंत्रता, जातीय स्वाभिमान का प्रतिमान था. महाराणा प्रताप का नाम भारत के शिखर के अमर-सपूतों में दर्ज है. प्रताप भारत एवं भारतीयता के प्रतीक हैं. राष्ट्रीय स्वाभिमान की रक्षा के लिए प् ...

Read more

स्वामी विवेकानंद ने विश्व बंधुत्व का विचार सबके सम्मुख रखा था – डॉ. मनमोहन वैद्य

कांग्रेस अध्यक्ष श्री राहुल गांधी द्वारा राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की तुलना ‘मुस्लिम ब्रदरहुड’ के साथ करने पर संघ से परिचित और राष्ट्रीय विचार के लोगों आश्चर्य होना स्वाभाविक है. भारत के वामपंथी, माओवादी और क्षुद्र राजनीतिक स्वार्थ के लिए राष्ट्र विरोधी तत्वों के साथ खड़े तत्वों को इससे आनंद होना भी अस्वाभाविक नहीं है. वैसे, इसका अर्थ ये नहीं कि राहुल गांधी जिहादी मुस्लिम आतंकवाद की वैश्विक त्रासदी से अनजान ह ...

Read more

महाराणा प्रताप के व्यक्तित्व में शौर्य व नैतिकता का अद्भुत समावेश था – नरेंद्र कुमार जी

स्वदेश, स्वधर्म व स्वाभिमान के प्रतीक महाराणा प्रताप – योगी आदित्यनाथ जी लखनऊ (विसंकें). उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने लखनऊ के गोमती नगर स्थित आई.एम.आर.टी. मैनेजमेंट कॉलेज में अवध प्रहरी पत्रिका द्वारा महाराणा प्रताप जयन्ती के उपलक्ष्य में प्रकाशित युवा शौर्य विशेषांक का विमोचन किया. राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अखिल भारतीय सह प्रचार प्रमुख नरेंद्र कुमार जी भी कार्यक्रम में उपस्थित थे. कार् ...

Read more

हिन्दुत्व की राह पर चल कर ही भारत फिर बनेगा विश्व गुरु – डॉ. मोहन भागवत जी

कोलकत्ता. राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी ने भगिनी निवेदिता के 150वें जन्मदिवस पर कोलकत्ता में राष्ट्रवाद विषय पर आयोजित सम्मेलन में कहा कि स्वामी विवेकानंद जी ने जो राह चुनी थी, वह व्यक्ति व समाज को तैयार करने की थी. भगिनी निवेदिता ने स्वामी जी के आदेश का पूर्ण अनुशासन से पालन कर अपने लिए जो दिशा तय की, वह उस समय चल रही व्यवस्था में परिवर्तन लाने के लिए थी. भगिनी के जीवन में एक विशेष ...

Read more

धर्म के वास्तविक मर्म को न समझने के कारण ही वह अनेक प्रतीत होते हैं – आचार्य देवव्रत जी

शिमला (विसंकें). शिमला के गेयटी थियेटर में सोमवार को विश्व बधुंत्व दिवस के अवसर पर राज्यपाल आचार्य देवव्रत जी ने कहा कि ईश्वर एक है, उसे प्राप्त करने के लिए भले ही रास्ते भिन्न रहे हों. धर्म अनेक नहीं हैं, धर्म के वास्तविक मर्म को न समझने के कारण ही वह अनेक प्रतीत होते हैं. जैसे आग का एक ही धर्म है और वह है जलाना, इसी प्रकार पानी से लेकर हर वस्तु का अपना निश्चित धर्म होता है. गेयटी में विवेकानंद केंद्र नाभा ...

Read more

कट्टरपंथी विचारधाराओं से बचने के लिए सब पंथों का सम्मान जरूरी – विहिप

शिमला (विसंकें). आज अगर हम अन्य लोगों की परम्पराओं का सम्मान नहीं करेंगे तो इससे कट्टरपंथ बढ़ता चला जाएगा. भारत में सर्वधर्म समभाव का दर्शन रहा है. ऐसे में आज भी हमें स्वामी विवेकानंद जी के आदर्शों को नहीं भूलना चाहिए. स्वामी विवेकानंद जी द्वारा शिकागो के धर्म सम्मेलन में दिये उनके व्याख्यान के 125 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में विवेकानंद केंद्र और विश्व हिन्दू परिषद् ने सम्मिलित रूप से कार्यक्रम का आयोजन क ...

Read more

जनता ने चुना अपना उत्तराधिकारी

सोलहवीं लोकसभा चुनाव एक ही कारण से ऐतिहासिक माना जायेगा, वह कारण है कि यह पूरा चुनाव एक ही प्रश्न पर केंद्रित हो गया था कि जनता को नरेंद्र मोदी चाहिये या नहीं. अगर किसी राज्य में कोई समस्या आती है तो अपवाद स्वरूप इस समस्या पर सबसे मत लिये जाते हैं. गोवा का महाराष्ट्र में विलीनीकरण किया जाय या उसे स्वतंत्र रखा जाये? इस मुद्दे पर जब गोवा की जनता का मत पूछा गया तो उन्होंने गोवा को स्वतंत्र रखने का निर्णय दिया. ...

Read more
Scroll to top