करंट टॉपिक्स


Warning: sprintf(): Too few arguments in /home/sandvskbhar21/public_html/wp-content/themes/newsreaders/assets/lib/breadcrumbs/breadcrumbs.php on line 252

कोरोना के खिलाफ जंग में उद्योग जगत ने भी बढ़ाया सहयोग का हाथ

Spread the love

उद्योगपतियों, उद्योगों ने अरबों रुपए का योगदान देने की घोषणा की

रिलायंस ने कोरोना से पीड़ित मरीजों के लिए अस्पताल तैयार किया

आनंद महिंद्रा ने 50 प्रतिशत लागत पर वेंटिलेटर बनाने की घोषणा की

महामारी से लड़ने के लिए टाटा ग्रुप ने 2500 करोड़ रुपए देने की घोषणा की

नई दिल्ली. कोरोना वायरस से इस समय पूरी दुनिया जूझ रही है. जनता से लेकर सरकार तक अपने-अपने तरीके से लड़ रहे हैं. भारत सरकार ने इससे निपटने के लिए संपूर्ण देश में लॉकडाउन की घोषणा की है. जिससे रोज कमाने-खाने वाले मजदूरों, गरीबों के सामने रोजी-रोटी का संकट आ गया है. साथ ही स्वास्थ्य सुविधाओं को भी तेज गति से बढ़ाने की आवश्यकता है. भारत में संपूर्ण समाज स्वतःस्फूर्त मदद के लिए आगे आया है, ऐसे में उद्योग जगत भी पीछे नहीं है. संदेश स्पष्ट है कि महामारी के समय पूरा देश एकजुट है. ये समाचार उनके लिए है जो उद्योग जगत पर सवाल खड़ा कर रहे थे………

रतन टाटा – मरीजों और हेल्थ वर्कर्स के लिए टाटा ट्रस्ट 15 सौ करोड़ खर्च करेगा, कोरोना वायरस के खिलाफ जंग में टाटा ट्रस्ट और टाटा ग्रुप ने 1500 करोड़ रुपये खर्च करने का ऐलान किया है. यह देश के किसी कॉर्पोरेट की ओर से कोरोना पर अब तक की सबसे बड़ी मदद होगी. ट्रस्ट के चेयरमैन रतन टाटा ने ट्वीट कर यह जानकारी दी. इसके बाद टाटा सन्स ने अतिरिक्त एक हजार करोड़ रुपये की मदद का ऐलान किया. टाटा सन्स यानी टाटा ग्रुप टाटा की सभी फर्मों की प्रमोटर और होल्डिंग कंपनी है. टाटा ट्रस्ट के जरिए टाटा ग्रुप परोपकार के काम करता है. टाटा सन्स की 66% हिस्सेदारी टाटा ट्रस्ट के पास ही है.

सिक्स सिग्मा हेल्थकेयर – देश में कोविड-19 के बढ़ते प्रकोप को देखते हुए स्वास्थ्य और प्रबंधन के क्षेत्र में कार्यरत संस्था ‘सिक्स सिग्मा हेल्थकेयर’ के कार्यालय को क्वारंटाइन हाउस में बदलने का निर्णय लिया है. खास बात यह है कि कंपनी प्रबंधन ने स्वयं भारत सरकार को यह पेशकश की, जिसे स्वीकार कर लिया गया है. कंपनी के चेयरमैन डॉ. प्रदीप भारद्वाज ने सोमवार को केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय राज्य मंत्री अश्विनी कुमार चौबे से मुलाकात की. डॉ. प्रदीप भारद्वाज ने केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय को भेजे प्रस्ताव में कहा, “आप हमारा पूरा मेडिकल स्टाफ ले लीजिए या दिल्ली के नजफगढ़ स्थित हमारी बिल्डिंग (सिक्स सिग्मा हाऊस) को ही कोविड-19 हॉस्पिटल में बदल दिया जाए.”

रिलायंस इंडस्ट्रीज – Reliance Industries के चेयरमैन मुकेश अंबानी ने इस महामारी से लड़ने के लिए एक हजार करोड़ रुपये दान करने की घोषणा की. संकट की इस घड़ी में रिलायंस ने  सिर्फ़ दो सप्ताह में कोरोना वायरस मरीजों के लिए अस्पताल बनाया है. देश का पहला ऐसा अस्पताल है, जो केवल कोरोना वायरस के मरीजों के लिए होगा. इसके अलावा विभिन्न शहरों में भोजन मुफ्त में उपलब्ध करवाया जा रहा है.

आनंद महिंद्रा ग्रुप – आनंद महिंद्रा ने तीन सौ करोड़ रुपये दान दिए हैं. ग्रुप ने वेंटिलेटर बनाना शुरु कर दिया है, जिसमें सरकार केवल 50% देगी और 50%  खुद महिंद्रा वहन करेगा. साथ ही जिन छोटे कारोबारियों और स्वरोजगार वाले लोगों को नुकसान हुआ है उनके नुकसान की भरपाई की जाएगी.
वेदांता ग्रुप – वेदांता ग्रुप के चेयरमैन अनिल अग्रवाल ने विकट दौर में सहयोग के लिए 100 करोड़ रुपये  दिए. अनिल अग्रवाल ने ट्वीट कर कहा कि मैं कोरोना महामारी से लड़ने की दिशा में 100 करोड़ रुपये का योगदान दे रहा हूं. साथ ही रोज कमाने वालों को लेकर भी चिंता जाहिर करते हुए कहा – हम उनकी भी मदद करेंगे.

बजाज ग्रुप – बजाज ग्रुप के चेयरमैन राहुल बजाज ने 100 करोड़ रुपये की मदद का ऐलान किया है. बजाज ने कहा वो सरकार को 200 से ज्यादा एनजीओ के नेटवर्क के साथ संसाधन उपलब्ध करवाएंगे.
विजय शेखर – पेटीएम के संस्थापक विजय शेखर ने कोरोना महामारी से निपटने के लिए पांच करोड़ रूपये देने की घोषणा की. शेखर ने कहा कि हमें अधिक संख्या में इनोवेटर्स, शोधकर्ताओं की जरूरत है जो वेंटिलेटर की कमी और कोविड-19 के इलाज के लिए देसी समाधान खोज सकते हैं.

अनुपमा नडेला – माइक्रोसाफ्ट कंपनी के सीईओ सत्य नडेला की पत्नी अनुपमा नडेला ने दो करोड़ रुपये दिए.

कोटक महिंद्रा बैंक के प्रबंध निदेशक उदय कोटक ने व्यक्तिगत रूप से प्रधानमंत्री राहत कोष में 50 करोड़ रुपए का फंड दिया है. राशि का उपयोग कोरोना वायरस के संक्रमण की रोकथाम करने किए जा रहे राहत कार्यों में किया जाएगा.

फाइनेंसियल सर्विस और बैंकिंग सेक्टर की कंपनी कोटक महिंद्रा समूह ने अपने कर्मचारियों  तथा उनके परिजनों की कोरोना वायरस संक्रमण जांच का खर्च उठाने की घोषणा की.

सुधा मूर्ति – इन्फोसिस फाउंडेशन की चेयरपर्सन सुधा मूर्ति ने 20 करोड़ रुपये दान किए हैं.

गोदरेज समूह ने 50 करोड़ रुपये की मदद से कार्य शुरू कर दिया है.

एमजी मोटर – एमजी मोटर ने हरियाणा के गुरुग्राम और गुजरात के हलोल के सरकारी अस्पतालों को दो करोड़ रुपये का अनुदान देने की घोषणा की है. कंपनी गुरूग्राम और हलोल में सरकारी अस्पतालों और स्वास्थ्य संस्थानों को दो करोड़ का अनुदान देगी. कंपनी ने कहा कि इसमें एक करोड़ रुपये का अनुदान कंपनी खुद से देगी. जबकि एक करोड़ रुपये उसके देश भर के करीब पांच हजार कर्मचारी आपस में संग्रह करके देंगे.

हीरो समूह – हीरो समूह कोरोना वायरस से निपटने के लिए अलग से 100 करोड़ रुपये की आकस्मिक निधि बनाने की घोषणा कर चुका है.

वीवो – वीवो फोन निर्माता कंपनी वीवी ने एक लाख मास्क देने की पेशकश की है. वीवो इंडिया ने महाराष्ट्र सरकार को एक लाख मास्क के साथ पांच हजार एन-95 मास्क देने की बात कही है.

पारले बिस्किट – देश की बड़ी पारले बिस्किट कंपनी भी मदद के लिए आगे आई है.  पीटीआई रिपोर्ट के अनुसार 25 मार्च को कंपनी ने कहा कि वो तीन करोड़ पारले-जी बिस्किट के पैकेट जरूरतमंद लोगों को दान करेगी. सरकारी एजेंसियों के जरिए बिस्किट लोगों तक पहुंचाए जाएंगे.

मारुति सुजुकी – कोरोना से जंग में सहयोग के लिए देश की दिग्गज कार कंपनी मारुति सुजुकी भी आगे आई है, कंपनी ने हर महीने 10,000 वेंटिलेटर और 20 लाख मास्क बनाने का निर्णय लिया है. इस काम के लिए कंपनी ने AgVa हेल्थकेयर  के साथ किया समझौता.

इसके अलावा हाल ही में प्रधानमंत्री द्वारा घोषित PM – CARES में भी उद्योग जगत से जुड़े लोगों ने करोड़ों रुपए की राशि प्रदान की है.

  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *