महापुरुषों के स्मरण से राष्ट्रचेतना का जगरण होता है – गंगाराम जी Reviewed by Momizat on . सेवा भारती के सहयोग से 185 छात्र-छात्राओं का सम्मान आगरा (विसंकें). राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के क्षेत्र सेवा प्रमुख गंगाराम जी ने कहा कि महापुरूषों के स्मरण से र सेवा भारती के सहयोग से 185 छात्र-छात्राओं का सम्मान आगरा (विसंकें). राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के क्षेत्र सेवा प्रमुख गंगाराम जी ने कहा कि महापुरूषों के स्मरण से र Rating: 0
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    महापुरुषों के स्मरण से राष्ट्रचेतना का जगरण होता है – गंगाराम जी

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    सेवा भारती के सहयोग से 185 छात्र-छात्राओं का सम्मान

    agra-2आगरा (विसंकें). राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के क्षेत्र सेवा प्रमुख गंगाराम जी ने कहा कि महापुरूषों के स्मरण से राष्ट्रचेतना का जागरण होता है. महापुरूष किसी विशेष जाति के लिए नहीं होते, अपितु संपूर्ण समाज और राष्ट्र के लिए समर्पित होते हैं. महापुरुषों ने देश को विश्व का सिरमौर बनाने हेतु विभिन्न प्रकार के तप किए हैं. उनका प्रयास रहा है, संपूर्ण समाज एक रस खड़ा रहे. शिक्षा, संस्कार और एकता का संदेश दिया है. विद्यार्थी देश का भविष्य होता है. उन्हें अच्छी शिक्षा और संस्कार मिलना चाहिए. विद्यार्थी ही देश का निर्माता और कर्णधार बनेगा. शिक्षा के साथ ही उनका नैतिक – चारित्रिक उत्थान हो, जिससे देश में परिवर्तन आ सके. गंगाराम जी विभिन्न सेवा बस्तियों के मेधावी छात्र-छात्राओं के सम्मान समारोह में संबोधित कर रहे थे. उन्होंने कहा कि विद्यार्थी महापुरूषों के जीवन का अनुसरण करें और प्रेरणा गृहण करें.

    रविवार को बाल्मीकि चेतना सेवा समिति के तत्वाधान में सेवा भारती, आगरा महानगर के सहयोग से सुभाष पार्क स्थित सरस्वती शिशु मंदिर में मेधावी छात्र सम्मान समारोह का आयोजन किया गया. समारोह में महानगर की विभिन्न सेवा बस्तियों के प्राथमिक, माध्यमिक व उच्च शिक्षा प्राप्त कर रहे छात्रों की 185 के करीब संख्या रही. समारोह में 50 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त करने वाले छात्रों का सम्मान किया गया.

    समारोह में राष्ट्रीय सेवा भारती के क्षेत्र समन्वयक सतीश जी अग्रवाल ने कहा कि शिक्षा का समाज के लिए महत्वपूर्ण योगदान होता है. भगिनी निवेदिता, डॉ. अंबेडकर, महर्षि वाल्मीकि, डॉ. हेगडेवार जी व महात्मा ज्योतिराव फूले और सावित्रीबाई फूले जैसे लोग शिक्षा की दृष्टि से प्ररेणा स्रोत हैं, जिन्होंने बालक-बालिकाओं की शिक्षा के लिए प्रेरक संदेश देने का काम किया है.

    कार्यक्रम में महानगर की सेवा-बस्तियों, आभावग्रस्त परिवारों के छात्र-छात्राओं ने भाग लिया. छात्राओं के साथ उनके अभिभावक, माताएं, बहनें अधिक संख्या में उपस्थित रहीं. सभी का बैज लगाकर समिति द्वारा सम्मान किया गया. सेवा भारती ने घोषणा की कि वे छात्रों की आगे की शिक्षा में सहयोग देते रहेंगे.

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