करंट टॉपिक्स

सिने जगत और सामाजिक सरोकार

प्रो. अमिताभ श्रीवास्तव किसी देश को जानना है तो इसकी फिल्में देखो. यह कितना सही है या नहीं, यह संवाद का विषय हो सकता है....

सार्वजनिक एवं सांस्कृतिक कार्यों से ही समाज परिवर्तन संभव – भय्याजी जोशी

काशी. शनिवार को सार्वजनिक गणेश उत्सव समिति के तत्वाधान में आर्य महिला डिग्री कॉलेज के सभागार में "राष्ट्र निर्माण में युवा शक्ति : गणेश उत्सव...

जंगल सत्याग्रह और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ – स्वतंत्रता आंदोलन में संघ स्वयंसेवकों का सहभाग

डॉ. श्रीरंग गोडबोले देश को स्वतंत्रता दिलाने के सभी प्रयासों को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के संस्थापक डॉ. हेडगेवार का प्रत्यक्ष समर्थन प्राप्त होता था. इसी...

लोकमान्य बाल गंगाधर तिलक का शिक्षा दर्शन

डॉ. कुलदीप मेहंदीरत्ता “स्वराज मेरा जन्मसिद्ध अधिकार है और में इसे लेकर रहूँगा” की उद्‌घोषणा करने वाले तिलक भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के प्रमुख क्रांतिकारियों में...

‘गीता रहस्य’ – लोकमान्य तिलक जी द्वारा लिखित एक अद्भुत साहित्य कृति

डॉ. आशीष मुकंद पुराणिक लोकमान्य बाल गंगाधर तिलक ने अपने जीवन काल में शिक्षा, राजनीति, अर्थशास्त्र, समाजशास्त्र, अध्यात्म आदि अनेक विषयों पर प्रस्तुतीकरण किया है....

गीता निराशा से विजय की ओर यात्रा का मार्ग को दिखाती है

नई दिल्ली. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से स्वामी चिद्भवानंद की श्रीमद्भगवदगीता का किंडल वर्जन लोकार्पित किया. प्रधानमंत्री ने ई-बुक वर्जन लाने...

सार्वजनिक गणेशोत्सव – सामाजिक प्रतिबद्धता की निरंतर परंपरा

मुंबई (विसंकें). ब्रिटिश कालखंड में भारत को अंग्रेजों की परतंत्रता से मुक्त करवाने के लिए समाज का एकजुट होना आवश्यक था. इसे ध्यान में रखते...

गणेशोत्सव – स्वाधीनता संग्राम में सार्वजनिक गणेशोत्सव मंडलों का योगदान….!

मुंबई (विसंकें). लोकमान्य तिलक ने ब्रिटिश सरकार को भारत से भगाने के लिए स्वदेशी, स्वराज, बहिष्कार और राष्ट्रीय शिक्षा का नारा दिया. सार्वजनिक गणेशोत्सव के...

सार्वजनिक गणेशोत्सव – कोरोना कालखंड में भी सेवा कार्य की अखंड परंपरा….!

मुंबई (विसंकें). लोकमान्य तिलक जी ने स्वाधीनतापूर्व काल में धार्मिक, सामाजिक एवं राष्ट्रीय जनजागरण का उद्देश्य सामने रखकर सार्वजनिक गणेशोत्सव का प्रारंभ किया. गणेशोत्सव को...

मुस्लिम-ब्रिटिश सांठगांठ और हिन्दुओं का भोलापन  (1857-1919)

डॉ. श्रीरंग गोडबोले खिलाफत आंदोलन (1919-1924) की शुरुआत 27 अक्टूबर 1919 से मानी जा  सकती है, जब यह दिन पूरे भारत में खिलाफत दिवस के...