करंट टॉपिक्स

संघ के शताब्दी वर्ष को लेकर समाज में भी उत्सुकता

डॉ. मनमोहन वैद्य सह सरकार्यवाह, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की स्थापना को 100 वर्ष पूर्ण हो रहे हैं. 1925 में नागपुर में संघ स्थापना हुई थी....

प्यार और स्नेह में बांधकर भारतीय संस्कृति आधारित एकात्म-समरसता युक्त समाज बनाना है

गुवाहाटी. सरस्वती विद्या निकेतन करीमगंज के रजत जयंती वर्ष के उपलक्ष्य में आयोजित सामाजिक समरसता और गुणीजन सम्मान समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में...

हिन्दू समाज में आई कुरीतियां इस्लामिक आक्रमण की देन – विनायकराव देशपांडे

घाटकोपर, मुंबई में अग्रसेन भवन में समरसता संगोष्ठी संपन्न हुई. विश्व हिन्दू परिषद के संगठन महामंत्री विनायकराव देशपांडे जी ने संगोष्ठी में संबोधित किया. सामाजिक...

कार्यकर्ता संगठन का दर्पण

जयपुर. भारतीय किसान संघ के अखिल भारतीय सह संगठन मंत्री गजेंद्र सिंह जी ने कहा कि कार्यकर्ता किसी भी संगठन के विस्तार में मुख्य भूमिका...

देश की सरकार में योग्यता और समरसता का सामंजस्य, सबको साथ लेकर चलने की नीति

पुरु शर्मा बहुप्रतीक्षित मंत्रीमंडल विस्तार को लेकर चर्चाओं का दौर है. राजनीति के गलियारों से लेकर गांव की चौपालों तक विस्तार का शोर सुना जा...

समता, ममता व समरसता से ही दूर होगा समाज का विघटन

बाबा साहब की जयन्ती पर प्रताप गौरव केंद्र मे लाइव परिचर्चा उदयपुर. बाबा साहब डॉ. भीमराव आंबेडकर की जयन्ती के उपलक्ष्य में "महाराणा प्रताप -...

विद्या मंदिरों में मुस्लिम व ईसाई वर्ग के लगभग 80,000 छात्र शिक्षा प्राप्त कर रहे

नई दिल्ली. अखिल भारतीय महामंत्री श्रीराम अरावकर ने कहा कि विद्याभारती अखिल भारतीय शिक्षा संस्थान की योजना से देशभर में जो विद्यालय संचालित किये जाते...

देश को श्रेष्ठ बनाने के लिए भारत को समझना, जानना व मानना होगा – डॉ. मनमोहन वैद्य

जयपुर. राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सह सरकार्यवाह डॉ. मनमोहन वैद्य ने कहा कि भारत को श्रेष्ठ बनाना है तो भारत को समझना होगा, जानना व...

सामाजिक समरसता – एक मुट्ठी अनाज, एक रुपये के अंशदान से होगा भंडारा

भारत रत्न नानाजी की पुण्यतिथि पर आस्था से पुरुषार्थ हो रहा जागृत चित्रकूट. व्यक्ति पुरुषार्थी, स्वावलंबी तब बनता है, जब उसका आत्मबल मजबूत होता है....

श्रीराम जानकी सर्वजातीय सामूहिक विवाह सम्मेलन – सामाजिक समरसता का आयोजन

डॉ. शुचि चौहान आज जहां एक ओर समाज विघातक शक्तियां देश में सक्रिय हैं. समाज को जाति-पाति के आधार पर तोड़ने की कुचेष्टाएं हो रही...