You Are Here: Home » Posts tagged "sangh pramukh"

    राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक मोहन जी भागवत का वर्ष प्रतिपदा (25 मार्च, 2020) के अवसर पर संदेश :

    वर्ष प्रतिपदा उत्सव संकल्प का दिवस आत्मीय स्वयंसेवक बन्धुगण, आप सभी को नववर्ष युगाब्द 5122 की अनेकों शुभकामनाएं. इस संवत्सर का आरंभ ही ऐसे समय में हो रहा है, जब सारा विश्व एक वैश्विक संकट से जूझने में लगा है. सारे विश्व के साथ उस युद्ध में भारत भी लगा है. और इसलिए, स्वयंसेवकों का दायित्व भी है. यह उत्सव संकल्प दिवस है, परंपरा में अपने संकल्प का दिवस माना जाता है. कोरोना नामक विषाणु को परास्त करने के लिए जो ...

    Read more

    हम प्रकृति के एक अंग हैं, प्रकृति के स्वामी नहीं – डॉ. मोहन भागवत

    कर्णावती (विसंकें). राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी ने कहा कि हमारे परम वैभव बनने की संकल्पना अकेले परम वैभव बनने की नहीं है. हमारे वैभव से विश्व का कल्याण हो, ऐसा हमें वैभव चाहिए. हमारी प्राचीन दृष्टि के सूत्र को लेकर संघ काम करता है. जैसे-जैसे शक्ति बढ़ती है, वैसे-वैसे कार्य का दायरा व्यापक होता है, और भाषा भी व्यापक बनती है. परन्तु जब कार्य का दायरा बहुत छोटा था और कार्य भी इतना व् ...

    Read more

    गांधी जी की विचार दृष्टि का मूल शुद्ध भारतीय था – डॉ. मोहन भागवत

    'गांधी जी को समझने का यही समय' पुस्तक का दिल्ली में विमोचन नई दिल्ली. गांधी स्मृति स्थित कीर्ति मंडल में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत ने प्रो. जगमोहन सिंह राजपूत की पुस्तक ‘गांधी को समझने का यही समय’ का लोकार्पण किया. पुस्तक विमोचन कार्यक्रम में डॉ. मोहन भागवत ने कहा कि हिन्द स्वराज पढ़ने के बाद ये पता चलता है कि अंग्रेजों को भगाने के बाद कैसा भारत होगा, इसकी कल्पना गांधी जी के मन में ...

    Read more

    धर्म, मनुष्य को भगवान बनने के मार्ग पर ले जाता है – डॉ. मोहन भागवत जी

    पुणे (विसंकें). राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी ने कहा कि ''अध्यात्म के आधार पर हमारे देश का आम आदमी भी विश्व के कई लोगों का गुरु बन सकता है. उसका धर्म उसकी बुद्धि में नहीं, बल्कि उसके आचरण में है. धर्म से जीवन की धारणा होती है. मनुष्य की बुद्धि जैसी हो, उस प्रकार का अच्छा या बुरा कार्य वह करता है. यहां एक धर्म ही है जो मनुष्य को दानव नहीं, बल्कि भगवान बनने के मार्ग पर ले जाता है. धर् ...

    Read more

    युवा संकल्प शिविर में स्वदेशाभिमान प्रदर्शनी का शुभारंभ

    गुना में आयोजित युवा संकल्प शिविर 2020 में आयोजित स्वदेशाभिमान प्रदर्शनी का गुरुवार को लोकार्पण हुआ. मुख्य अतिथि पंचमुखी हनुमान मंदिर के प्रमुख सियाराम जी दास महाराज एवं गुना के समाजसेवी उद्योगपति दर्शन सिंह जी बग्घा, सरदार बख्तावर सिंह, संघ के क्षेत्र सेवा प्रमुख अशोक अग्रवाल जी ने शुभारंभ किया. युवा संकल्प शिविर के निमित्त आयोजित प्रदर्शनी में 8  विषयों पर आधारित 250 से ज्यादा पेंटिंग्स प्रदर्शित की गई है ...

    Read more

    हमें दुनिया व मानवता के कल्याण को समर्पित भारत बनाना है – डॉ. मोहन भागवत

    राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी ने 71वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर सरस्वती शिशु मंदिर वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, सूर्यकुंड, गोरखपुर में राष्ट्रीय ध्वज फहराया. सरसंघचालक जी ने राष्ट्रध्वज के तीनों रंगों का महत्व बताया. उन्होंने कहा कि ये रंग ज्ञान, कर्म, भक्ति का कर्तव्य बताने वाले हैं. सबसे ऊपर भगवा रंग त्याग का, बीच का सफेद रंग पवित्रता और हरा रंग समृद्धि का प्रतीक है. भगवा रंग बताता है ...

    Read more

    संपूर्ण समाज भेदभाव भूलकर, सभी विकारों से मुक्त होकर समरस भाव से खड़ा हो – डॉ. मोहन भागवत

    गोरखपुर. सरस्वती शिशु मंदिर वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, सुभाष चन्द्र बोस नगर में आयोजित राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ पूर्वी उत्तर प्रदेश क्षेत्र की कार्यकर्ता बैठक के दूसरे दिन उपस्थित पूर्वी उत्तर प्रदेश क्षेत्र कार्यकारिणी, अवध, काशी, गोरक्ष, कानपुर प्रान्त टोली, प्रान्त कार्यकारिणी, गतिविधियों (पर्यावरण, सामाजिक समरसता, परिवार प्रबोधन, धर्मजागरण, समग्र ग्राम विकास व गो सेवा) की प्रान्त टोली बैठक में सरसंघचालक ड ...

    Read more

    संघ का काम समाज से ऊंच-नीच, छुआछूत ख़त्म करना, हिन्दू समाज को एक करना है – डॉ. मोहन भागवत

    मकर संक्रांति उत्सव में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी ने मुरादाबाद इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी के मैदान में स्वयंसेवकों को संबोधित किया. उन्होंने संघ के कार्यों और संघ की पद्धति के बारे में बताया. उन्होंने कहा कि संघ की शाखा मैदान में चलती है, संघ में हाजिरी के लिए कोई रजिस्टर नहीं होता है. व्यक्ति अपनी मर्जी से शाखा में आता है. सामाजिक समरसता के महत्व पर कहा कि समय बदलता रहता है एवं ...

    Read more

    हम ध्येय के लिए कार्य करते हैं, अपने स्वार्थ के लिए नहीं – डॉ. मोहन भागवत

    भारत का किसान, भारत को परम वैभव संपन्न बनाने में योगदान दे भारतीय किसान संघ के नवनिर्मित कार्यालय "किसान शक्ति" का लोकार्पण नई दिल्ली. राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी ने कहा कि हम सब लोग ध्येय के लिए कार्य करते हैं, स्वार्थ के लिए नहीं करते. न अपना स्वार्थ है, न संगठन के लिए स्वार्थ है. भारत का किसान समर्थ हो, समस्या मुक्त हो. भारत का किसान भारत को परम वैभव संपन्न बनाने में योगदान दे. ...

    Read more

    संघ सात्विक शक्ति की विजय के लिए कार्यरत है – डॉ. मोहन भागवत जी

    हैदराबाद. राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी ने कहा कि बड़ा संगठन बनाना संघ का ध्येय नहीं है, बल्कि संघ का ध्येय संपूर्ण समाज को संगठित करना है. भाग्यनगर (हैदराबाद) में विजय संकल्प शिविर के दौरान स्वयंसेवकों को संबोधित करते हुए सरसंघचालक जी ने विजय का अर्थ समझाया. उन्होंने कहा कि विजय तीन प्रकार की होती हैं. असुर प्रवृति के लोग दूसरों को कष्ट देकर सुख की अनुभूति करते हैं और उसे विजय समझत ...

    Read more

    हमारे न्यूज़लेटर के लिए साइन अप करें

    VSK Bharat नवीनतम समाचार के बारे में सूचित करने के लिए अभी सदस्यता लें

    Scroll to top